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Ganesh Chaturthi ( गणेश चतुर्थी ) 5th September 2016

आप सभी को गणेश चतुर्थी की बहुत-बहुत शुभकामनाएं । हमारी गणपति जी  से यही प्रार्थना है कि आप सभी सपरिवार सदैव प्रसन्न रहें और और आपके सभी कष्ट  दूर हो जाएँ।

 

ganesh chaturthi

आज से 10 दिवसीय गणपित उत्सव की शुरुआत हो रही है। गणेश चतुर्थी के मौके पर भगवान गणपति की प्रतिमा को घर लाकर हम पूजा की शुरुआत करते हैं। आज के दिन भगवान गणेश की प्रतिमा को घर लाना सबसे पवित्र समझा जाता है। जब आप बप्‍पा की मूर्ति को घर लाएं, उससे पहले इन चीजों को तैयार रखें। अगरबत्‍ती और धूप, आरती थाली, सुपारी, पान के पत्‍ते और मूर्ति पर डालने के लिए कपड़ा, चंदन के लिए अलग से कपड़ा और चंदन।
गणपति मूर्ति की पूजा करने के लिए सबसे पहले एक आरती की थाली में अगरबत्‍ती-धूप को जलाएं। इसके बाद पान के पत्‍ते और सुपारी को भी इसमें रखें। इस दौरान मंत्र ‘ ऊं गं गणपतये नम:’ का जाप करें। यदि कोई पुजारी इसे अंजाम दे रहे हों तो दक्षिणा भी अर्पित करें। जो श्रद्धालु गणेश जी की मूर्ति को चतुर्थी से पहले अपने घर ला रहे हैं, उन्‍हें मूर्ति को एक कपड़े से ढककर लाना चाहिए और पूजा के दिन मूर्ति स्‍थापना के समय ही इसे हटाना चाहिए। घर में मूर्ति के प्रवेश से पहले इस पर अक्षत जरूर डालना चाहिए। स्‍थापना के समय भी अक्षत को आसन के निकट डालना चाहिए। साथ ही, वहां सुपारी, हल्‍दी, कुमकुम और दक्षिणा भी वहां रखना चाहिए।
पूजा के लिए जरूरी सामग्री – गणपति की मूर्ति को घर में स्‍थापित करने के समय सभी विधि विधान के अलावा जिन सामग्री की जरूरत होती है, वो इस प्रकार हैं। जैसे लाल फूल, दूर्वा, मोदक, नारियल, लाल चंदन, धूप और अगरबत्‍ती।

आज के दिन लाल रंग के वस्त्र पहनना अति शुभ होता है। गणपति का पूजन शुद्ध आसन पर बैठकर अपना मुख पूर्व अथवा उत्तर दिशा की तरफ करके करें।

पंचामृत से श्री गणेश को स्नान कराएं तत्पश्चात केसरिया चंदन, अक्षत, दूर्वा अर्पित कर कपूर जलाकर उनकी पूजा और आरती करें। उनको मोदक के लड्डू अर्पित करें। उन्हें रक्तवर्ण के पुष्प विशेष प्रिय हैं। श्री गणेश जी का श्री स्वरूप ईशाण कोण में स्थापित करें और उनका श्री मुख पश्चिम की ओर रहे।

संध्या के समय गणेश चतुर्थी की कथा, गणेश पुराण, गणेश चालीसा, गणेश स्तुति, श्रीगणेश सहस्रनामावली, गणेश जी की आरती, संकटनाशन गणेश स्तोत्र का पाठ करें। अंत में गणेश मंत्र ‘ ऊं गणेशाय नम:’ अथवा ‘ऊं गं गणपतये नम: का अपनी श्रद्धा के अनुसार जाप करें।

आज के दिन किया जाने वाला विशेष काम – भगवान गणेश अपने भक्तों के समस्त विघ्नों को दूर करने के लिए विघ्नों के मार्ग में विकट स्वरूप धारण करके खड़े हो जाते हैं। अपने घर, दुकान, फैक्टरी आदि के मुख्य द्वार के ऊपर तथा ठीक उसकी पीठ पर अंदर की ओर गणेश जी का स्वरूप अथवा चि‍‍त्रपट जरूर लगाएं। ऐसा करने से गणेश जी कभी भी आपके घर, दुकान अथवा फैक्टरी की दहलीज पार नहीं करेंगे तथा सदैव सुख-समृद्धि बनी रहेगी। कोई भी नकारात्मक शक्ति घर में प्रवेश नहीं कर पाएगी।

अपने दोनों हाथ जोड़कर स्थापना स्थल के समीप बैठकर किसी धर्म ग्रंथ का पाठ रोजाना करेंगे तो शुभ फल मिलेगा। सच्‍चे मन और शुद्ध भाव से गणपति की पूजा करने से बुद्धि, स्‍वास्‍थ्‍य और संपत्ति मिलती है।

For Astrology, Mantra Diksha & Sadhana guidance call us on 9410030994 or  email us at sumitgirdharwal@yahoo.com

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जो लोग माँ बगलामुखी साधक हैं वो लोग हरिद्रा गणपति की दीक्षा लेकर हरिद्रा गणपति का अनुष्ठान प्रारंभ कर सकते हैं।

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About sumit girdharwal

I am a professional astrologer and doing research in the field of effects of mantras. I have keen interest in tantra and it's methodology. For mantra sadhana guidance email me to sumitgirdharwal@yahoo.com or call on 9540674788. For more information visit our website www.anusthanokarehasya.com

Posted on September 5, 2016, in Ganapati Sadhana and tagged , . Bookmark the permalink. 5 Comments.

  1. mamta.trehan@siemens.com

    Thanks for sending me such nice posts !!!

    With best regards,
    Ms Mamta Trehan

  2. jitendra agrawal

    Sumitji aapne mere meil kaa javab nahi diyaa kyaa huvaa ?

    On 5 Sep 2016 12:15, “Mahavidya Shri Baglamukhi Sadhana Aur Siddhi” wrote:

    > sumit girdharwal posted: “आप सभी को गणेश चतुर्थी की बहुत-बहुत शुभकामनाएं
    > । हमारी गणपति जी से यही प्रार्थना है कि आप सभी सपरिवार सदैव प्रसन्न रहें
    > और और आपके सभी कष्ट दूर हो जाएँ। आज से 10 दिवसीय गणपित उत्सव की शुरुआत
    > हो रही है। गणेश चतुर्थी के मौके पर भगवान गणपत”
    >

  3. Kindly tell me Kaise mata ki puja krke mata ko khush kreain

  4. Piyush Khandelwal

    SirMai bagulamukhi sidhi karana chahta huIske sath hi koi aisi sidhi jo meri sari pareshani,khatam kar de,jarurat puri kar deAur aage ki sidhi mei aane wali pareshani hata deJaisi dhanda yakshini sidi ya dhan prapti sadhana,swastha sharir rahe ya koi bhut-pret,jinn,vir sadhana aur iske sath hi wo jo choti ho aur aasani se puri ho jaye jisse mujhe aage jindagi jine mai aur aage badhane mei madad mil sake,abhi kai sari aur kai tarah ki pareshani hai,job etc. Bhi nahi hai,tone-totke bhi hote rahate hai,parental property ki wajah se bhi ladai – jhagade hote rahate hai

    Sent from Yahoo Mail on Android

  5. thanx baglamukhi mata ki sadhna kese kar sakte h sidi chate h to kya
    karna hoga
    On Sep 5, 2016 12:17 PM, “Mahavidya Shri Baglamukhi Sadhana Aur Siddhi” wrote:

    > sumit girdharwal posted: “आप सभी को गणेश चतुर्थी की बहुत-बहुत शुभकामनाएं
    > । हमारी गणपति जी से यही प्रार्थना है कि आप सभी सपरिवार सदैव प्रसन्न रहें
    > और और आपके सभी कष्ट दूर हो जाएँ। आज से 10 दिवसीय गणपित उत्सव की शुरुआत
    > हो रही है। गणेश चतुर्थी के मौके पर भगवान गणपत”
    >

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